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ऑलबैंक वाहन

  • व्यक्तिगत उपयोग / कार्यालयीन उपयोग के लिए नये वाहन की खरीद
  • पूर्व स्वामित्ववाले वाहन की खरीद, 3 साल से अधिक पुराना नहीं होना चाहिए
  • वाहन शब्द में शामिल हैं: कार, वैन, जीप , मल्टी यूटिलिटी व्हीकल (MUV)।
  • Target Group
  • हमारे मौजूदा कॉर्पोरेट ग्राहक, उनके निदेशक और कर्मचारी
  • वेतनभोगी व्यक्ति, पेशेवर और स्व-नियोजित, व्यवसायी, फर्म, कंपनियाँ, कृषक और केंद्रीय, राज्य सरकार और हमारे बैंक के पेंशनभोगी जिनकी ऋण के परिसमापन हेतु नियमित आय हो।
  • वेतनभोगी व्यक्ति: न्यूनतम सकल मासिक आय रु.25,000/-
  • कृषक: न्यूनतम 5 एकड़ सिंचित भूमि जोत
  • पेशेवर और स्व-नियोजित / व्यवसायी: आयकर निर्धारिती,पूर्ण संपार्श्विक प्रतिभूति के साथ, आईटी निर्धारण आदेश / आईटी विवरणी से छूट दी जा सकती है।
  • सेवानिवृत्त व्यक्ति: मासिक पेंशन रु. 15,000/- और अधिक।
  • फर्म / कंपनियां: कार ऋण की चुकौती को पूरा करने के लिए पर्याप्त निवल लाभ ।
  • वेतनभोगी व्यक्ति: सेवा से सेवानिवृत्ति होने की तारीख से कम-से-कम तीन माह पूर्व ऋण चुकता हो जाना चाहिए।
  • वेतनभोगी व्यक्ति से इतर: 70 वर्ष की आयु प्राप्त करने से पूर्व चुकाया जाना चाहिए ।
  • फर्म / कंपनियां: कम से कम 2 साल से मौजूद होनी चाहिए।
    ऋण सीमा :
  • निवल वार्षिक आय / निवल वार्षिक वेतन का अधिकतम 3 गुना।
  • पति-पत्नीि/ पिता / माता / पुत्र / अविवाहित बेटी की आय जोड़ी जा सकती है, बशर्ते वे सह-उधारकर्ता बनें।
  • मार्जिन:
  • नये वाहन के लिए सड़क पर वाहन की लागत का 15% (यानी एक बार पंजीकरण+पहली बार पथ कर और बीमा प्रभार आदि)।
  • पूर्व स्वामित्व वाले वाहन के लिए -
  • अनुमोदित ऑटोमोबाइल वैल्यूअर द्वारा यथा मूल्यांेकित "तयशुदा खरीद मूल्य" का 85%, अथवा वाहन के मूल्यांकन का 60%, जो भी कम हो ।
    प्राथमिक:
  • वाहन का दृष्टिबंधन

  • संपार्श्विक :
    रु 20 लाख तक के ऋण के लिए
  • पति-पत्नी को सह-उधारकर्ता होना चाहिए, यदि पात्रता के लिए उसकी आय पर विचार किया जाता है। कोई संपार्श्विक प्रतिभूति नहीं, कोई गारंटी नहीं।
  • रुपये 20 लाख से अधिक के ऋण के लिए
  • एक व्यनक्ति की गारंटी और एफडीआर / एनएससी / केवीपी आदि या मकान / फ्लैट के बंधक के रूप में संपार्श्विक प्रतिभूति।
  • यदि प्रस्तावित मार्जिन 25% से अधिक है, तो किसी गारंटी और संपार्श्विक प्रतिभूति की आवश्यकता नहीं है।
नये वाहन के लिए
  • व्याक्ति: अधिकतम 84 माह
  • फर्म / कंपनियों के लिए: अधिकतम 60 माह
  • पूर्व स्वामित्ववाले वाहन के लिए: अधिकतम 60 माह / वाहन की अवशिष्ट अवधि, जो भी कम हो